Monday, June 8, 2026
Home ताजा खबर मॉल ऑफ देहरादून समेत सभी मॉल, होटल और रिजॉर्ट ईपीएफओ के राडार...

मॉल ऑफ देहरादून समेत सभी मॉल, होटल और रिजॉर्ट ईपीएफओ के राडार पर, जांच को बनाई दो टीम

देहरादून। हाल ही में खुले मॉल ऑफ देहरादून समेत राजधानी और आसपास के इलाकों के सभी मॉल, होटल्स और रिजॉर्ट कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के राडार पर है। संगठन को इन ज्यादातर जगहों पर कर्मचारियों को पीएफ व ईएसआई का लाभ न दिए जाने का अंदेशा है। ऐसे भी प्रतिष्ठानों का सर्वे करने के लिए संगठन ने दो टीमों का गठन किया है। पहले यहां नियोक्ताओं और कर्मचारियों को जागरूक किया जाएगा। उसके बाद भी कर्मचारियों को पीएफ का लाभ न देने वालों के खिलाफ कार्रवाई का जाएगी।

बृहस्पतिवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त विश्वजीत सागर ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सभी कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा के लिए उन्हें पीएफ व ईएसआई का लाभ देना अनिवार्य है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक प्रतिष्ठान, कंपनी, एजेंसी, जहां भी 20 से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं, वहां नियोक्ता को यह लाभ देना ही चाहिए। उन्होंने बताया कि कई बड़े व्यापारिक प्रतिष्ठान अपने कर्मचारियों को इसका लाभ नहीं दे रहे हैं। इसलिए दो टीमों का गठन कर उन्हें सर्वे कार्य में लगाया जा रहा है।

दैनिक मजदूरों को भी देना होगा लाभ

उन्होंने बताया कि टेंट हाउस, बैंड पार्टी, कैटरिंग जैसे काम करने वाले दैनिक मजदूरों को भी पीएफ का लाभ दिया जाना अनिवार्य है। वह जितना काम करेंगे और जितना मानदेय पाएंगे, उसी अनुसार पीएफ की कटौती होनी चाहिए। उन्होंने बताया कि आंगनबाड़ी और आशा कार्यकत्रियों को भी इसका लाभ मिलना चाहिए। इसको लेकर उन्होंने राज्य सरकार को पत्र लिखा था, जिसके बाद इस पर निर्णय लेने के लिए हाईपावर कमेटी का गठन किया गया है।

पहले गलत फायदा लिया, अब होगी रिकवरी

विश्वजीत सागर ने बताया कि कोरोना के समय केंद्र सरकार ने आत्मनिर्भर भारत रोजगार योजना की शुरूआत की। इसके तहत नए कर्मचारियों के वेतन से कटने वाले पीएफ के अंशदान को सरकार ने जमा कराया। साथ ही ऐसी कंपनियां, जो पीएफ का भुगतान करने में असमर्थ थी, उनके दो वर्ष का भुगतान भी सरकार ने किया। लेकिन इसमें कई ऐसी कंपनियां भी हैं, जिन्होंने गलत जानकारी देकर पैसा लिया। अब उन सभी की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि फर्जी कर्मचारियों की भर्ती दिखाकर पैसा लेने वाली एक फर्म के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज कराया गया है। अन्य मामलों की जांच की जा रही है। गड़बड़ी पाए जाने पर अन्य के खिलाफ भी एफआईआर कराई जाएगी।

RELATED ARTICLES

मजबूरियों ने पढ़ाई छुड़वाई, लेकिन हौसले नहीं टूटे। अब सैनिक से अफसर बनने जा रहे पौड़ी के मनदीप

पौड़ी गढ़वाल। पहाड़ के छोटे से गांव से निकलकर सपनों को सच करना आसान नहीं होता। आर्थिक तंगी, पारिवारिक जिम्मेदारियां और सीमित संसाधन अक्सर...

बिग ब्रेकिंगः उत्तराखंड में ऑर्गेनिक खेती पर संकट, USOCA ने सस्पेंड किए 90 हजार से ज्यादा ऑर्गेनिक सर्टिफिकेट

अनिल चन्दोला देहरादून। उत्तराखंड सरकार के पिछले कई वर्षों से प्रदेश में जैविक खेती को बढ़ावा देने के प्रयासों को बड़ा झटका लगा है। उत्तराखंड...

उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी का निधन, प्रदेश में शोक की लहर, तीन दिन का राजकीय शोक

देहरादून। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता भुवन चंद्र खंडूड़ी का मंगलवार को निधन हो गया। वह 91 वर्ष...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

एसडीजी में उत्तराखंड की बड़ी छलांग, देशभर में 10वें से पहले स्थान पर पहुंचा, जिलों में रुद्रप्रयाग अव्वल

देहरादून। उत्तराखंड ने नीति आयोग के एसडीजी (Sustainable Development Goals) इंडिया इंडेक्स में बड़ी छलांग लगाई है। पिछली रैंकिग में 10वें स्थान पर रहा...

मजबूरियों ने पढ़ाई छुड़वाई, लेकिन हौसले नहीं टूटे। अब सैनिक से अफसर बनने जा रहे पौड़ी के मनदीप

पौड़ी गढ़वाल। पहाड़ के छोटे से गांव से निकलकर सपनों को सच करना आसान नहीं होता। आर्थिक तंगी, पारिवारिक जिम्मेदारियां और सीमित संसाधन अक्सर...

नीलम अग्रवाल ट्रस्ट की पहलः निशुल्क स्वास्थ्य शिविर में उमड़ी भीड़, विशेषज्ञ डॉक्टरों ने दी परामर्श सेवाएं

देहरादून। नीलम अग्रवाल मेमोरियल चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से रविवार को न्यू कैंट रोड पर निशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं स्वास्थ्य जागरूकता शिविर का आयोजन...

कई आईएएस और पीसीएस अधिकारियों के दायित्वों में फेरबदल, आशीष चौहान बने जिलाधिकारी देहरादून

देहरादून। उत्तराखंड शासन ने शनिवार रात कई आईएएस, पीसीएस और सचिवालय सेवा के अधिकारियों के दायित्वों में फेरबदल कर दिया। आशीष चौहान को देहरादून...

Recent Comments