Sunday, September 6, 2026
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बेरोजगारों और नए कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले, लाखों नौकरियां निकलेंगी और सरकार देगी डबल फायदा

देहरादून। बेरोजगारों और नए कर्मचारियों के लिए खुशखबरी है। बेरोजगारों के लिए तमाम स्तरों पर लाखों नौकरियां निकलेंगी और सरकार इन कर्मचारियों को डबल फायदा भी देगी। यही नहीं, नौकरी देने वालों (कंपनियों) को भी इसका लाभ मिलेगा। सरकार उन्हें भी प्रोत्साहन के रूप में अच्छी खासी धनराशि देगी। इसके जरिये प्रदेश की 16 हजार से ज्यादा पंजीकृत कंपनियों में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

दरअसल, भारत सरकार ने हाल ही में देश के सतत आर्थिक विकास और युवाओं के लिए व्यापक रोजगार सृजन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से रोजगार आधारित प्रोत्साहन योजना इंप्लायमेंट लिंक इनसेंटिव स्कीम (Employment Linked Incentive Scheme- ELIS) को मंजूरी दी है। सोमवार को क्षेत्रीय भविष्य निधि आय़ुक्त (प्रथम) विश्वजीत सागर ने योजना के संबंध में पत्रकारों को विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इसके लिए एक लाख करोड़ रुपये के बजट की व्यवस्था भारत सरकार ने की है। एक अगस्त 2025 से 31 जुलाई 2027 के बीच रोजगार पाने और देने वालों को इसका लाभ मिलेगा।

पहली बार नौकरी पाने वालों को ऐसे मिलेगा फायदा

उन्होंने बताया कि पहली बार रोजगार प्राप्त करने और ईपीएफओ के साथ पंजीकृत होने वाले कर्मचारियों को एक महीने का ईपीएफ वेतन 15 हजार रुपये तक दो किस्तों में दिया जाएगा। सबसे बड़ी बात है कि एक लाख रुपये प्रतिमाह तक का वेतन पाने वाले कर्मचारियों को इसका लाभ मिल सकेगा। इसकी पहली किस्त छह माह की सेवा पूरी करने और दूसरी किस्त एक वर्ष की सेवा व वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम पूरा करने पर मिलेगी। इसके जरिये कर्मचारियों को बचत के लिए भी प्रोत्साहित किया जाएगा। इसलिए प्रोत्साहन राशि का एक हिस्सा निश्चित समय के लिए बचत साधन में रखा जाएगा, जिसे कर्मचारी बाद में कभी भी निकाल सकेंगे। विश्वजीत सागर ने बताया कि इससे देशभर में 1.92 करोड़ युवाओं को लाभ मिलने की संभावना है। उत्तराखंड में भी लाखों युवाओं को इसका लाभ मिलेगा।

नौकरी देने वालों (नियोक्ताओं) को यह मिलेगा लाभ

वहीं, नियोक्ताओं (नौकरी देने वालों) को एक लाख रुपये तक वेतन वाले नए कर्मचारियों की भर्ती करने पर दो वर्षों के लिए अधिकतम तीन हजार रुपये प्रतिमाह की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। मैन्यूफैक्चरिंग (विनिर्माण) सेक्टर के लिए योजना को तीसरे और चौथे साल तक भी बढ़ाया जा सकेगा। इसके लिए कर्मचारियों की संख्या की गणना ईपीएफओ में पंजीकृत प्रतिष्ठानों को न्यूनतम छह महीने के औसत आधार पर की जाएगी। छह माह के औसत के अतिरिक्त नए कर्मचारियों की तैनाती पर यह लाभ मिलेगा। 50 से कम कर्मचारी वाले नियोक्ताओं को न्यूनतम दो और 50 से अधिक कर्मचारी वाले नियोक्ताओं को न्यूनतम पांच नए कर्मचारी रखने होंगे, तभी उन्हें इसका लाभ मिलेगा। उन्होंने अनुमान जताया कि योजना से नियोक्ता ढ़ाई करोड़ से ज्यादा लोगों को रोजगार के अवसर प्रदान करेंगे। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों को डीबीटी के जरिये योजना का सीधा लाभ मिलेगा। वहीं, नियोक्ता को उनके पैन-लिंक्ड बैंक खाते में भुगतान किया जाएगा।

ईपीएफ वेतन स्लैब के अनुसार इतनी प्रोत्साहन राशि मिलेगी

ईपीएफ वेतन स्लैब          –     प्रतिमाह प्रोत्साहन राशि

10 हजार रुपये से कम       –     वेतन के अनुपात में

10 हजार रुपये तक         –     एक हजार रुपये

10 से 20 हजार के बीच      –      दो हजार रुपये

20 हजार से एक लाख के बीच –      तीन हजार रुपये

 

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